महर्षि दयानन्द कन्या गुरुकुल इंटर कॉलेज भाजु में आयोजित आर्यवीर दल पश्चिमी उत्तर प्रदेश के प्रथम प्रांतीय शिविर का गुरुवार को भव्य समापन दीक्षांत समारोह के साथ सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आर्यवीरों, आर्य समाज के पदाधिकारियों, शिक्षकों एवं क्षेत्रीय गणमान्य लोगों ने सहभागिता की।
समापन अवसर पर आयोजित दीक्षांत समारोह में प्रशिक्षित आर्यवीरों को विधिवत दीक्षा प्रदान की गई। इसके पश्चात आर्यवीरों द्वारा आकर्षक परेड का आयोजन किया गया, जिसका निरीक्षण कार्यक्रम में उपस्थित आर्य समाज के प्रमुख अतिथियों ने किया। परेड में अनुशासन, एकरूपता एवं राष्ट्रभक्ति की भावना स्पष्ट रूप से दिखाई दी।
आर्यवीर दल के प्रशिक्षक आचार्य राजकुमार आर्य के सानिध्य में आर्यवीरों ने विभिन्न शारीरिक, बौद्धिक एवं आत्मरक्षा संबंधी कौशलों का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन को देखकर उपस्थित दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए और तालियों की गड़गड़ाहट से पूरा पंडाल गूंज उठा। प्रतिभागियों ने साहस, अनुशासन और संगठनात्मक क्षमता का परिचय देते हुए सभी का मन मोह लिया।
समापन समारोह के मुख्य वक्ता आचार्य मंगलसेन आर्य ने अपने संबोधन में आर्य समाज के सिद्धांतों, महर्षि दयानन्द सरस्वती के आदर्शों तथा आर्यवीर दल की भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने युवाओं से चरित्र निर्माण, राष्ट्रसेवा और वैदिक मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में सभी आर्यवीरो क़ो टॉफी प्रदान कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम का समापन वैदिक मंगलकामनाओं के साथ हुआ तथा शिविर की सफलता पर सभी ने प्रसन्नता व्यक्त की।